एस-3 ईवीएम से मतदान प्रक्रिया होगी तेज और त्रुटिरहित : राज्य निर्वाचन आयुक्त दिनेश वाघमारे

जलगांव में एस-3 मॉडल ईवीएम का प्रदर्शन व सॉफ्टवेयर प्रशिक्षण; अधिकारियों-कर्मचारियों को दी गई तकनीकी जानकारी

जलगांव, प्रतिनिधि : चुनावों में पिछले 15 से 20 वर्षों से एम-2 ईवीएम का उपयोग किया जा रहा था। आगामी चुनावों में मतदान प्रक्रिया को अधिक गतिमान और त्रुटिरहित बनाने के लिए अत्याधुनिक एस-3 नए मॉडल की ईवीएम का उपयोग किया जाएगा। इसके लिए करीब 60 हजार कंट्रोल यूनिट और 1 लाख 20 हजार बैलेट यूनिट नए सिरे से खरीदे गए हैं, यह जानकारी राज्य निर्वाचन आयुक्त दिनेश वाघमारे ने दी।

हैदराबाद स्थित ईसीआईएल कंपनी की ओर से एस-3 ईवीएम और ईवीएम मैनेजमेंट सिस्टम (ईएमएस) सॉफ्टवेयर के संबंध में जिले के चुनाव कार्य से जुड़े अधिकारियों व कर्मचारियों के लिए जिला कलेक्टर कार्यालय के जिला नियोजन भवन सभागार में प्रशिक्षण आयोजित किया गया। इस अवसर पर उपस्थित लोगों को मार्गदर्शन करते हुए वाघमारे बोल रहे थे।

इस दौरान जिलाधिकारी रोहन घुगे, राज्य निर्वाचन आयोग के विशेष कार्यकारी अधिकारी अतुल जाधव, उपजिलाधिकारी विजय कुमार ढगे, राज्य निर्वाचन आयोग के सहायक कक्षाधिकारी पुराणशिंग राठोड, संतोष चव्हाण, राम कराडे सहित जिले के सभी तहसीलदार तथा चुनाव कार्य से जुड़े अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित थे।

बहु-पद और बहु-मतदान की सुविधा

वाघमारे ने बताया कि एस-3 ईवीएम में मल्टी-पोस्ट और मल्टी-वोटिंग की सुविधा है। भविष्य में होने वाले कानूनी बदलावों के अनुसार आवश्यक प्रावधानों को संभालने की क्षमता भी इन मशीनों में है। राज्य निर्वाचन आयुक्त के साथ आईआईटी मुंबई, आईआईएससी बेंगलुरु सहित प्रतिष्ठित तकनीकी संस्थानों के विशेषज्ञों वाली टेक्निकल इवैल्यूएशन कमेटी ने इस नए एस-3 मॉडल की डिजाइन तैयार की है। इन मशीनों का प्रदर्शन और प्रशिक्षण पूरे राज्य में दिया जा रहा है।

आधुनिक सुरक्षा सुविधाओं से लैस

एस-3 ईवीएम में ओएलईडी डिस्प्ले, अधिक जानकारी प्रदर्शित करने की क्षमता, सिक्योर मेमोरी मॉड्यूल, यूनिक सीरियल नंबर और क्यूआर कोड जैसी आधुनिक सुरक्षा सुविधाएं शामिल की गई हैं। एक कंट्रोल यूनिट से 16 बैलेट यूनिट जोड़ी जा सकती हैं। इससे अधिक संख्या में उम्मीदवारों को शामिल करना आसान होगा।

इसके अलावा अंक, अल्फाबेट और हाइफन का उपयोग कर वार्ड नंबर और बूथ नंबर सटीक रूप से दर्ज करने की सुविधा भी उपलब्ध है। वाघमारे ने बताया कि एस-3 मॉडल की एक ईवीएम में 10 हजार वोट और 2 हजार मतदाताओं के मतदान की क्षमता है।

जिलाधिकारी की टीम की सराहना

पिछले नगरपालिका और महानगरपालिका चुनाव सफलतापूर्वक संपन्न कराने के लिए वाघमारे ने जिलाधिकारी रोहन घुगे और उनकी टीम का अभिनंदन किया। आगामी ग्राम पंचायत, जिला परिषद, पंचायत समिति तथा नगर पंचायत चुनावों की पृष्ठभूमि में ईवीएम के सुरक्षित भंडारण सहित आवश्यक तैयारियां पूरी तरह व्यवस्थित रखने के निर्देश भी उन्होंने दिए।

प्रशिक्षण को गंभीरता से लेने का आवाहन

जिलाधिकारी रोहन घुगे ने कहा कि आगामी ग्राम पंचायत और अन्य चुनावों को देखते हुए कर्मचारियों को ईवीएम के उपयोग का उचित प्रशिक्षण लेना आवश्यक है। ग्राम पंचायत चुनावों में प्रतिस्पर्धा अधिक होने के कारण मशीन में आने वाली तकनीकी समस्या को संभालना चुनौतीपूर्ण हो सकता है। इसलिए चुनाव अधिकारियों और कर्मचारियों को प्रशिक्षण सत्रों को गंभीरता से लेना चाहिए, ऐसा आवाहन उन्होंने किया।

प्रशिक्षण के दौरान हैदराबाद स्थित ईसीआईएल कंपनी के तकनीकी प्रबंधक एवं प्रशिक्षक शैलेंद्र कुमार सिंह ने एम-2 और प्रस्तावित एस-3 ईवीएम की विशेषताओं, सुधारों तथा उपलब्ध आधुनिक प्रणाली की पीपीटी और प्रत्यक्ष प्रदर्शन के माध्यम से विस्तृत जानकारी दी। ईवीएम के संचालन के दौरान सामने आने वाली संभावित समस्याओं और उनके समाधान के बारे में भी उन्होंने अधिकारियों व कर्मचारियों को जानकारी दी।

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